उड़ने की कोशिश (क्षणिका)

        चिड़ियों  की ऊँची और ऊँची,

         उड़ने की कोशिश भी,

         आकाश को छू नहीं पातीं,

         पर इसका अर्थ,

         यह कतई नहीं,

         कि वे उड़ना छोड़ दें।

        डा. रमा द्वि्वेदी   

Published in: on April 30, 2008 at 5:23 pm Comments (4)
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4 Comments Leave a comment.

  1. मंजिल पाने की कोशिश ही जीवन है.

  2. bahut sahi udana hi unchai tak pahuncha sakti hai.

  3. इसका अर्थ,
    यह कतई नहीं,
    कि वे उड़ना छोड़ दें।

    गहरी क्षणिका..

    ***राजीव रंजन प्रसाद

  4. समीर जी, महक जी एवं राजीव जी,

    रचना पसन्द करने के लिए आप सबका हार्दिक आभार…..सादर….


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