१- मत संहारों
धुरी अगर हिली
तबाही होगी |
२- जन्मदात्री हूँ
बेटी भी मैं जनूंगी
कौन रोकेगा ?
३- मुझ से द्रोह
मिट जाओगे खुद
धरती हूँ मै |
४- बिगड़ेगा जो
सृष्टि का संतुलन
ब्याहोंगे किसे ?
५- वृद्धाश्रम न
मजबूर माँ बाप
निज घर में|
डा. रमा द्विवेदी
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